26 July को देश की राजधानी दिल्ली में संसद के निकट ‘महिला किसान संसद’ चली क्या था उसका मक़सद? कितने राज्यों की महिलाओं ने भागीदारी की? महिलाओं ने तीन कृषि क़ानूनों पर कितने तार्किक सवाल जवाब किए? तीन कृषि क़ानून से कितने करीबी से जुड़े हैं पोषण, भूख, समता, न्याय और महिला किसानों की भागीदारी और रोज़गार के मुद्दे? कॉर्प्रॉट खेती से क्या डर है? इसके अलावा और भी तमाम मुद्दे जो महिलाओं कि रसोई और बजट से जुड़े हैं, क्या है उनका कृषि क़ानून से नाता? इन सब पर सुनिए महिलाओं की बेबाक़ राय, आँखों देखी #महिला_किसान_संसद की कार्रवाई, फार्म ऐक्टिविस्ट #MedhaPatekar की ज़ुबानी।